18 January 2024 01:05 PM

अयोध्या में भगवान राम का भव्य मंदिर बनकर तैयार हो रहा है। 22 जनवरी को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की जाएगी। इस कार्यक्रम में खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, सीएम योगी आदित्यनाथ, सरसंघचालक मोहन भागवत समेत तमाम अन्य हस्तियां व साधु-संत उपस्थित होंगे।
बता दें कि राम मंदिर के गर्भगृह में भगवान राम की मूर्ति को रख दिया गया है। राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह पर केरल स्नेहम आश्रम के पुजारी सुनील दास ने कहा, 'पूरी दुनिया में विशेष निमंत्रण भेजा जाता है। पूरा ब्रह्मांड यही है। सर्व देवता (सभी देवता) यहीं हैं। सर्व देवता स्वरूपम श्री राम यहां हैं। भावना यह है कि अयोध्या ने सार्वभौमिक शांति और प्रेम फैलाया है। यह प्रेम का अवतार है। भावना विश्व शांति और व्यक्तिगत शांति की है।'
रामलला को कराया गया भ्रमण
बता दें कि इससे पूर्व रामलाल की प्राण प्रतिष्ठा के मद्देनजर अनुष्ठान किए जा चुके हैं। बीते कल रामलला की प्रतीकात्मक मूर्ति, जो चांदी से बनी है, उसे पालकी में बिठाकर मंदिर की परिक्रमा कराई गई। रामलला की जिस मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा होनी है। उसे बुधवार की रात अयोध्या लाया गया। बता दें कि गर्भगृह में भगवान राम की मूर्ति को स्थापित किया जा चुका है। यह मूर्ति बड़ी है और भारी भी है। इसलिए उस मूर्ति को पालकी में बिठाकर भ्रमण करा पाना संभव नहीं था। इसलिए चांदी से बनी रामलला की प्रतीकात्मक मूर्ति को मंदिर का भ्रमण कराया गया।
अयोध्या में भगवान राम का भव्य मंदिर बनकर तैयार हो रहा है। 22 जनवरी को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा की जाएगी। इस कार्यक्रम में खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, सीएम योगी आदित्यनाथ, सरसंघचालक मोहन भागवत समेत तमाम अन्य हस्तियां व साधु-संत उपस्थित होंगे।
बता दें कि राम मंदिर के गर्भगृह में भगवान राम की मूर्ति को रख दिया गया है। राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह पर केरल स्नेहम आश्रम के पुजारी सुनील दास ने कहा, 'पूरी दुनिया में विशेष निमंत्रण भेजा जाता है। पूरा ब्रह्मांड यही है। सर्व देवता (सभी देवता) यहीं हैं। सर्व देवता स्वरूपम श्री राम यहां हैं। भावना यह है कि अयोध्या ने सार्वभौमिक शांति और प्रेम फैलाया है। यह प्रेम का अवतार है। भावना विश्व शांति और व्यक्तिगत शांति की है।'
रामलला को कराया गया भ्रमण
बता दें कि इससे पूर्व रामलाल की प्राण प्रतिष्ठा के मद्देनजर अनुष्ठान किए जा चुके हैं। बीते कल रामलला की प्रतीकात्मक मूर्ति, जो चांदी से बनी है, उसे पालकी में बिठाकर मंदिर की परिक्रमा कराई गई। रामलला की जिस मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा होनी है। उसे बुधवार की रात अयोध्या लाया गया। बता दें कि गर्भगृह में भगवान राम की मूर्ति को स्थापित किया जा चुका है। यह मूर्ति बड़ी है और भारी भी है। इसलिए उस मूर्ति को पालकी में बिठाकर भ्रमण करा पाना संभव नहीं था। इसलिए चांदी से बनी रामलला की प्रतीकात्मक मूर्ति को मंदिर का भ्रमण कराया गया।
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22 September 2023 10:05 AM
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