26 April 2024 08:17 PM

*चाईनीज मांझे के उपयोग, बिक्री एवं भण्डारण पर रोक तत्काल प्रभाव से लागू*
*जिला मजिस्ट्रेट ने जारी किए आदेश*
बीकानेर, 26 अप्रैल। जिला मजिस्ट्रेट एवं जिला कलेक्टर श्रीमती नम्रता वृष्णि ने जिले में धातु निर्मित मांझे की थोक व खुदरा बिक्री, भण्डारण, परिवहन तथा उपयोग को प्रतिबंधित करने के आदेश जारी किए हैं। चाईनीज मांझे के उपयोग से लोक स्वास्थ्य, सुरक्षा एवं पशु पक्षियों को बचाने तथा विद्युत प्रसारण को बाधा रहित बनाने के लिए भारतीय दंड संहिता की धारा 144 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए यह आदेश जारी किए गए हैं। आदेशानुसार जिले में इस प्रकार के मांझे का भण्डारण, विक्रय, परिवहन तथा उपयोग करने पर संबंधित के विरूद्ध सम्यक कानून के तहत कार्यवाही की जाएगी।साथ ही पक्षियों के विचरण की गतिविधियां मुख्यतः प्रातः 6 बजे से 8 बजे एवं सायं 5 बजे से 7 बजे के मध्य होती है, इसके मद्देनजर इस समय पतंग उड़ाने पर प्रतिबंध रहेगा।
जिला मजिस्ट्रेट ने बताया कि पतंगबाजी के लिए धातुओं के मिश्रण से निर्मित मांझा (चाईनीज मांझा) प्रयुक्त किया जाने लगा है। इसके उपयोग से दुपहिया वाहन चालक तथा पक्षियों को अत्यधिक जानमाल का नुकसान हो सकता है। साथ ही विद्युत का सुचालक होने के कारण विद्युत तारों के सम्पर्क में आने से पतंग उड़ाने वाले को भी नुकसान और विद्युत सप्लाई में बाधा उत्पन्न हो सकती है। इसके मद्देनजर सार्वजनिक हित में भारतीय दण्ड संहिता की धारा 188 के अन्तर्गत दण्डनीय अपराध करने वाले व्यक्ति एवं व्यक्तियों के विरूद्ध नियमानुसार अभियोग चलाया जाएगा।
चाईनीज मांझे के उपयोग, बिक्री एवं भण्डारण पर रोक तत्काल प्रभाव से लागू
जिला मजिस्ट्रेट ने जारी किए आदेश
बीकानेर, 26 अप्रैल। जिला मजिस्ट्रेट एवं जिला कलेक्टर श्रीमती नम्रता वृष्णि ने जिले में धातु निर्मित मांझे की थोक व खुदरा बिक्री, भण्डारण, परिवहन तथा उपयोग को प्रतिबंधित करने के आदेश जारी किए हैं। चाईनीज मांझे के उपयोग से लोक स्वास्थ्य, सुरक्षा एवं पशु पक्षियों को बचाने तथा विद्युत प्रसारण को बाधा रहित बनाने के लिए भारतीय दंड संहिता की धारा 144 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए यह आदेश जारी किए गए हैं। आदेशानुसार जिले में इस प्रकार के मांझे का भण्डारण, विक्रय, परिवहन तथा उपयोग करने पर संबंधित के विरूद्ध सम्यक कानून के तहत कार्यवाही की जाएगी।साथ ही पक्षियों के विचरण की गतिविधियां मुख्यतः प्रातः 6 बजे से 8 बजे एवं सायं 5 बजे से 7 बजे के मध्य होती है, इसके मद्देनजर इस समय पतंग उड़ाने पर प्रतिबंध रहेगा।
जिला मजिस्ट्रेट ने बताया कि पतंगबाजी के लिए धातुओं के मिश्रण से निर्मित मांझा (चाईनीज मांझा) प्रयुक्त किया जाने लगा है। इसके उपयोग से दुपहिया वाहन चालक तथा पक्षियों को अत्यधिक जानमाल का नुकसान हो सकता है। साथ ही विद्युत का सुचालक होने के कारण विद्युत तारों के सम्पर्क में आने से पतंग उड़ाने वाले को भी नुकसान और विद्युत सप्लाई में बाधा उत्पन्न हो सकती है। इसके मद्देनजर सार्वजनिक हित में भारतीय दण्ड संहिता की धारा 188 के अन्तर्गत दण्डनीय अपराध करने वाले व्यक्ति एवं व्यक्तियों के विरूद्ध नियमानुसार अभियोग चलाया जाएगा।
RELATED ARTICLES
02 August 2026 10:12 AM
04 October 2022 04:41 PM
© Copyright 2021-2025, All Rights Reserved by Jogsanjog Times| Designed by amoadvisor.com